जयपुर। अखिल राज्य ट्रेड एंड इंडस्ट्री एसोसिएशन (आरतिया) के चेयरमैन कमल कंदोई का निधन हो गया है। उनके निधन की खबर मिलते ही सामाजिक एवं व्यापारिक जगत में शोक की लहर दौड़ गई।
कमल कंदोई ने अपने जीवनकाल में विभिन्न सामाजिक, व्यापारिक एवं अन्य संस्थाओं में उच्च पदों पर रहते हुए उल्लेखनीय सेवाएं दीं। वे लंबे समय से व्यापारियों के हितों और समाज सेवा से जुड़े कार्यों में सक्रिय रहे। सरल, सहज और मिलनसार व्यक्तित्व के धनी कंदोई सभी वर्गों में लोकप्रिय थे।
व्यापारिक संगठनों में उनकी भूमिका हमेशा मार्गदर्शक की रही। उन्होंने व्यापारियों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया और उनके समाधान के लिए लगातार प्रयास किए। सामाजिक कार्यों में भी उनका योगदान सराहनीय रहा।
उनके निधन पर विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों, व्यापारियों एवं गणमान्य लोगों ने गहरा दुख व्यक्त किया। सभी ने उनके निधन को सामाजिक एवं व्यापारिक जगत के लिए अपूरणीय क्षति बताया और भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। शोक संतप्त परिवार के प्रति भी संवेदना व्यक्त की गई।
जयपुर के व्यापारिक जगत में कंदोई के योगदान को हमेशा याद किया
उनके निधन पर श्रद्धांजलि देते हुए वरिष्ठ कांग्रेस नेता कैलाश शर्मा सांभर वाले ने कहा की कमल भाई जी का चले जाना
कभी न पूरी होने वाली क्षति है
यूं उनसे कनेक्ट चार दशक से रहा है
तब जबकि वे NSUI की नेशनल कौंसिल में मुकुल वासनिक की टीम में थे
बाद में जब मैं नवभारत टाइम्स जयपुर में आया
और वे जयंती बाजार में इलेक्ट्रानिक्स का
काम करते थे तब संपर्क बढ़ा
उनकी दुकान वीडियोन इलेक्ट्रॉनिक्स
पर घंटों बैठने का तब मौका मिला
जयंती बाजार शापिंग फेस्टिवल के
वे पुरोधा थे
तो अमरूदों का बाग में शापिंग फेस्टिवल
की शुरुआत उन्होंने की
जयपुर इलेक्ट्रॉनिक ट्रेडर्स एसोसिएशन
के संस्थापक थे और राजस्थान इलेक्ट्रॉनिक ट्रेडर्स एसोसिएशन में सतत सक्रिय रहे
साथ ही फैडरेशन ऑफ राजस्थान ट्रेड एंड इंडस्ट्रीज
में कार्यकारी अध्यक्ष पद तक पहुंचे
देश के प्रमुख औद्योगिक कारोबारी संगठन
अखिल राज्य ट्रेड एंड इंडस्ट्रीज एसोसिएशन आरतिया
के संस्थापक चेयरमैन रहे
नफा नुकसान अखबार से सेवा निवृत्ति उपरांत
मुझे आरतिया से जोड़ा और सीनियर वाइस प्रेसिडेंट की पोजीशन दी
विगत चार साल से आरतिया की गतिविधियों के कारण
नियमित छह से आठ घंटे तक का साथ रहा
कमल जी एक जिंदादिल शख्सियत थे
सबसे बड़ी खासियत थी पूरे विश्व भर में
उनके संपर्क थे
राजस्थान के औद्योगिक व कारोबारी विकास को लेकर उनका बड़ा विजन था
उनकी मेहनत व कनेक्टिविटी के कारण
आरतिया ने खुद को उत्तर भारत के प्रमुख कारोबारी संगठन के तौर पर स्थापित कर लिया था
आरतिया के अगले बड़े जंप की तैयारियां थी
कि विगत चार माह तक अस्वस्थ रहने के बाद
अब विलीन हो गये
जो अपनापन, स्नेह और सम्मान उन्होंने दिया
उसके लिए शब्द नहीं है
इस वक्त विनम व अश्रुपूरित श्रद्धांजलि
भाईजी बहुत याद आओगे
ओ पी राजपुरोहित ने लिखा की
॥ भावपूर्ण श्रद्धांजलि ॥
अत्यंत दुःख एवं गहरी व्यथा के साथ श्री कमल कंदोई जी के आकस्मिक निधन का समाचार प्राप्त हुआ। उनका असमय जाना मेरे लिए व्यक्तिगत क्षति है। उनके साथ मेरा आत्मीय संबंध रहा और उनका स्नेह, सहयोग एवं मार्गदर्शन सदैव मेरी स्मृतियों में जीवंत रहेगा।
अखिल राज्य ट्रेड एंड इंडस्ट्री एसोसिएशन (ARTIA) के चेयरमैन के रूप में उन्होंने संस्था को नई दिशा देने के साथ-साथ व्यापार एवं उद्योग जगत के हितों में महत्वपूर्ण योगदान दिया। वे केवल ARTIA ही नहीं, बल्कि अनेक सामाजिक एवं व्यावसायिक संस्थाओं के मार्गदर्शक भी थे। उनका अनुभव, दूरदर्शिता, सरल स्वभाव और सबको साथ लेकर चलने की भावना सदैव प्रेरणा देती रहेगी।
उनका निधन ARTIA परिवार, उनसे जुड़े सभी संस्थानों तथा व्यापार एवं उद्योग जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है।
इस दुःखद घड़ी में मेरी गहरी संवेदनाएँ शोकाकुल परिवार के साथ हैं। परमपिता परमेश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें तथा परिवारजनों को इस असहनीय दुःख को सहन करने की शक्ति दें।
कमल कंदोई जी, आपका स्नेह, आपका मार्गदर्शन और आपकी स्मृतियाँ सदैव मेरे हृदय में जीवित रहेंगी।
आरतिया के मुख्य संरक्षक,आशीष सर्राफ ने अपने शोक संदेश में कहा की 
श्री कमल कंदोई जी का आकस्मिक निधन मेरे लिए केवल एक साथी का जाना नहीं, बल्कि परिवार के एक आत्मीय सदस्य को खोने जैसा है। उनसे हमारे पारिवारिक संबंध और उनका स्नेह मेरे लिए सदैव अमूल्य रहेगा।
ईश्वर उनकी पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें।
कमल जी, आपकी कमी हमेशा महसूस होगी।


