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जयपुर के चौमूं में मस्जिद के पास पत्थर हटाने पर भारी तनाव,पथराव, इंटरनेट बंद; आधा दर्जन जवान घायल

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राजधानी जयपुर के पास स्थित चौमूं कस्बे में शुक्रवार तड़के सांप्रदायिक तनाव की स्थिति पैदा हो गई। चौमूं बस स्टैंड स्थित मस्जिद के पास मार्ग अवरुद्ध कर रहे पत्थरों को हटाने की कार्रवाई के दौरान समुदाय विशेष के लोगों ने पुलिस बल पर भारी पथराव कर दिया, इस हिंसक झड़प में करीब आधा दर्जन पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

घटना अल सुबह करीब 3:00 बजे की है, जब पुलिस प्रशासन यातायात सुचारु करने के लिए मस्जिद के पास रखे पत्थरों को हटा रहा था। इसी दौरान भीड़ उग्र हो गई और पुलिस जाब्ते पर पथराव शुरू कर दिया। पथराव इतना भीषण था कि एक पुलिसकर्मी के सिर में गंभीर चोट आई है। स्थिति को अनियंत्रित होता देख पुलिस को बचाव में हल्का बल प्रयोग करना पड़ा और उपद्रवियों को खदेड़ने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े गए।
तनाव को देखते हुए संभागीय आयुक्त ने चौमूं कस्बे में इंटरनेट सेवाओं पर 24 घंटे के लिए अस्थाई प्रतिबंध लगा दिया है। 26 दिसंबर सुबह 7:00 बजे से 27 दिसंबर सुबह 7:00 बजे तक 2G/3G/4G/5G डाटा और सोशल मीडिया सेवाएं बंद रहेंगी। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है, जिसमें चौमूं, हरमाड़ा, विश्वकर्मा और दौलतपुरा सहित कई थानों का जाब्ता शामिल है।
घटना की सूचना मिलते ही अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर डॉ. राजीव पचार, डीसीपी वेस्ट हनुमान प्रसाद, एडिशनल डीसीपी राजेश गुप्ता और एसीपी ऊषा यादव मौके पर पहुंचे और मोर्चा संभाला। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मस्जिद के पास से पत्थर हटाने की अनुमति पहले समुदाय विशेष के लोगों ने ही दी थी, लेकिन बाद में वहां लोहे के एंगल लगाकर बाउंड्री बनाने की कोशिश की गई, जिसके कारण विवाद बढ़ा।
Waqt 24
Author: Waqt 24

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सबसे ज्यादा पड़ गई

अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को यूपी, केंद्र सरकार और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को नोटिस जारी किया। यूपी सरकार की तरफ से बनाई गई स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) से अब तक की जांच की स्टेटस रिपोर्ट मांगी। कहा- रिपोर्ट में जांच अधिकारियों के बारे में भी बताएं। कोर्ट ने मामले से जुड़े CCTV सुरक्षित रखने का भी निर्देश दिया। सरकार की तरफ से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा- स्टेटस रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में पेश की जाएगी। इस पर कोर्ट ने साफ किया कि रिपोर्ट में SIT के गठन और उसकी संरचना की पूरी जानकारी होनी चाहिए। कोर्ट ने अगली सुनवाई 20 जुलाई को तय की। चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच 4 अलग-अलग याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी। याचिकाओं में जांच CBI को सौंपने के अलावा मंदिर में दान के प्रबंधन से जुड़े अलग-अलग विषयों की समीक्षा के लिए एक्सपर्ट कमेटी बनाने की मांग की गई है। इधर, राम मंदिर ट्रस्ट ने CEO की भर्ती के लिए आवेदन निकाले हैं। आवेदक की उम्र 50 से 70 साल के बीच होनी चाहिए। शैक्षिक योग्यता ग्रेजुएशन। आवेदन की अंतिम डेट 18 जुलाई 2026 शाम 4 बजे तक है। वहीं, अयोध्या पुलिस मामले में गिरफ्तार सभी 8 आरोपियों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश करेगी। इनकी रिमांड आज खत्म हो रही है। इस दौरान पुलिस मंदिर ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय के करीबी रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू और चढ़ावा गिनती के प्रभारी रहे सुभाष श्रीवास्तव की 7 दिन की रिमांड मांग सकती है। इससे पहले, पुलिस ने आरोपी अविनाश, अनुकल्प, लवकुश और करुणेश को रिमांड पर लेकर पूछताछ की थी। चढ़ावा चोरी के आरोपियों को फैजाबाद जेल में अलग-अलग बैरक में रखा गया है।