जिला कारागार के बैक नंबर तीन में मंगलवार रात को कोबरा घुसने से बंदियों में हड़कंप मच गया। बंदी डरकर एक ओर खड़े हो गए। इसकी सूचना पर जेल प्रशासन ने सिविल डिफेंस की टीम को बुलाया। सिविल डिफेंस टीम ने पहुंचकर करीब एक घंटे की कड़ी मशक्क्त के बाद सांप को रेसक्यू कर उसे सुरक्षित जंगल में छोड़ दिया।
अन्य दिनों की तरह मंगलवार को भी बैरकों में बंदी सोए हुए थे। रात करीब दस बजे बैरक नंबर 3 के एक कोने में कोबारा दिखाई दिया। सूचना पर सिविल डिफेंस के जवान ग़ालिब खान सहयोगी यासीन खान के साथ पहुंचे। सांप एक पाइप में चला गया। एक घंटे की मशक्कत के बाद पांच फीट का कोबरा को पकड़ा। बाद में उसे जंगल में ले जाकर सुरक्षित छोड़ दिया। उसके बाद जेल प्रशासन और बंदियों ने राहत की सांस ली।

